क्यूफोन ऐप घोटाला
नकदी, फर्जी खाते और सोशल मीडिया के जरिए चला 200 करोड़ का जाल
डीबीडी संवाददाता | मुंबई
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच में क्यूफोन ऐप से जुड़े कथित पोंजी घोटाले का बड़ा खुलासा हुआ है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच में सामने आया है कि ‘क्यूफोन ऐप’ कोई साधारण फर्जी निवेश ऐप नहीं था, बल्कि यह महाराष्ट्र और गुजरात में फैला एक बेहद संगठित कैश-हैंडलिंग सिंडिकेट था।
ऐसे घूमता था काला धन
निवेशकों को तेज रिटर्न, डिजिटल इनकम और टैक्स बचाने जैसे बड़े-बड़े झूठे वादे देकर भारी मात्रा में कैश निवेश करने के लिए उकसाया जाता था। पुणे, अहमदाबाद, राजकोट, मोरबी और सूरत इस सिंडिकेट के मुख्य केंद्र थे। केवल आंगड़िया नेटवर्क के जरिए ही 23 करोड़ रुपये से अधिक की नकदी एक शहर से दूसरे शहर भेजने की पुष्टि हो चुकी है, जबकि वास्तविक आंकड़ा इससे कहीं बड़ा होने की आशंका है। ईडी को टेलीग्राम-व्हाट्सएप चैट्स, एक्सेल शीट्स और हाथ से लिखी डायरियां मिली हैं।